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बादाम (Almond) बादाम के फायदे और नुकसान Benefits and Side effects of Almond

In this article

बादाम के फायदे - Badam ke fayde in hindi
भीगे हुए बादाम के फ़ायदे 
हरे बादाम या कच्चे बादाम के फ़ायदे
बादाम से कुछ नुकसान - Almond side effects

बादाम पोस्टिक तत्वो का घर माना जाता है,इसलिए हर लोग पसंद करते है। बादाम स्वाद और गुणो से भरपुर एक ऐसी खाध-पधार्थ है जिसे लोग मेवा(nuts) भी कहते है। बादाम को अँग्रेजी मे Almond भी कहा जाता है। आयुर्वेद मे इसको बुद्धि और नसो के लिए गुणकारी माना जाता है। लेकिन बादाम को अगर आप अधिक खाये तो इससे मोटापा भी बढ़ सकता है।

बादाम मे 160 कैलोरी होता है। ये कारबोहयदरत,प्रोटीन,फ़ाइबर,हेलथीफट्स,पोटोसिउम,विटामिन-ई,बी,आइरन मैग्नीशियम,कैल्सियम,फास्फोरस,ओमेगा-३ से भरपूर माना जाता है जिससे हम कई प्रकार की बीमारियो से भी लड़ सकते है,जैसे मधुमेह,कोलेस्ट्रॉल कम करता है,हदई रोग,कब्ज,त्वचा एवं बालो के लिए भी बहुत गुणकारी है।

बादाम का सेवन हमे रोज करना चाहिए लेकिन पर्याप्त मात्रा मे, नहीं तो कई प्रकार का नुक्सान भी हो सकता है। बाज़ार मे बादाम कई प्रकार के उपलब्ध होते है जैसे हरे बादाम,साबुत बादाम,और गिरी भुने बादाम,बादाम का तेल आदि।  बादाम में मग्निशियम, प्रोटीन व आयरन होता है| एक शोध के अनुसार पाया गया है, जो लोग रोज बादाम खाते है उनकी आयु ना खाने वालो की अपेक्षा 20% ज्यादा होती है, यानि उनके आयु अधिक होती है|

 

मुट्ठी बादाम में इतनी मात्रा में पोषक तत्व होते है 

फाइबर 3.5 gm
प्रोटीन 6 gm
फैट 14 gm
विटामिन E 37%
मैगनीज 32%
मैग्नीशियम 20%

 

 

इसके अलावा इसमें कॉपर, विटामिन B2 व फास्फोरस भी होता है, मतलब एक मुट्ठी में इतने सारे फायदे आपको मिलेंगे| इसमें 161 कैलोरी, 2.5 कार्बोहाइड्रेट होता है|

बादाम के पेड़ के फल के बीज को बादाम ​कहते हैं। बादाम का वैज्ञानिक नाम प्रुनस डुलिस (Prunus dulcis) है। बादाम की खेती मूल रूप से मध्य पूर्व, भारत और उत्तरी अफ्रीका में ही की जाती थी। पर अब यह ईरान, सऊदी अरब, लेबनान, तुर्की, सीरिया, जॉर्डन और इज़राइल जैसे क्षेत्रों में पाए जाते हैं। बादाम का स्वाद मीठा या कड़वा हो सकता है और ये दोनों तरह के बादाम बाजारों में आसानी से उपलब्ध होते हैं।

मीठे बादाम खाए जा सकते हैं, जबकि कड़वे बादाम का इस्तेमाल तेल बनाने के लिए किया जाता है। यह तेल एक आम तेल है जिसका उपयोग भोजन को स्वादिष्ट बनाने के लिए किया जाता है। बादाम का दूध भी बनाया जाता है जो एक स्वादिष्ट पेय है और कम पौष्टिक गाय के दूध का विकल्प है।

 

बादाम के फायदे - Badam ke fayde in hindi

स्वस्थ‍ रहने के लिए प्रतिदिन बादाम का सेवन करें। बादाम में प्रोटीन, वसा, विटामिन और मिनेरल पर्याप्त मात्रा में होते हैं, इसलिए यह स्वास्‍थ्‍य के लिए तो अच्छा है ही, त्वचा के लिए भी अच्छा है। बादाम में मौजूद पोषक तत्व याद्दाश्त बढ़ाने का भी काम करते हैं।

  • दिल को बनाये सेहतमंद
    बादाम आपके दिल को सेहतमंद बनाये रखने का काम करता है। शोधों में यह बात सामने आयी है कि सप्‍ताह में पांच दिन बादाम का सेवन करने वाले लोगों में सामान्‍य लोगों की अपेक्षा हृदयाघात का खतरा 50 फीसदी तक कम होता है। बादाम में मौजूद विटामिन ई, एण्टीआक्सीडेंट की तरह काम करता है। यह दिल की बीमारियों को दूर रख उसे बेहतर तरीके से काम करने में मदद करता है
  • कोलेस्ट्रोल कम करे 
    खून में मौजूद कोलेस्ट्रोल लेवल को बादाम खाके control किया जा सकता है|
  • बादाम खाने के फायदे तेज़ दिमाग के लिए
    यह बादाम की वो खुबी है जिससे बच्चा-बच्चा वाकिफ है। दिमाग के स्वास्थ्य के लिए बादाम की गुणवत्ता को देखते हुए, इसे दिमाग के लिए "सर्वोत्तम आहार" माना जाता है। इसमें समाविष्ट विटामिन ई  ना केवल दिमाग की सतर्कता को बढ़ावा देता है और संज्ञानात्मक गिरावट (cognitive decline) को रोकने में मदद करता है अपितु याददाश्त को भी बरकरार रखता है। यही नहीं, बादाम ज़िंक (zinc) में भी भरपूर है जो दिमाग की कोशिकाओं (brain cells) को हानिकारक आक्रमणों से बचाता है और इसमें निहित विटामिन बी-6 दिमाग की कोशिकाओं की मरम्मत करने में सहायता करता है।  फेनिलएलनिन पार्किंसंस रोग (Parkinson's disease) को रोकने में और डोपामाइन (dopamine) और एड्रेनालाईन (adrenaline) जैसे मस्तिष्क के रसायनों (brain chemicals) के उत्पादन में मदद करता है। यह रसायन ध्यान और स्मृति के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। तो रोज़ाना एक मुट्ठी बादाम खायें और अपने दिमाग की तीव्रता को बढाएं। 
  • बादाम के औषधीय गुण जन्म दोष पर लगाते हैं प्रतिबंध 
    इसका सेवन गर्भवती महिला भी कर सकती हैं। बादाम में फोलिक एसिड होता है, जो होने वाली संतान को हृष्ट-पुष्ट बनाता है एवं उसमें होने वाले विकारों या फिर जन्म दोष को होने से रोकता है। जो महिलाएं गर्भावस्था के दौरान बादाम का सेवन करती हैं उनके शिशु में एनटीडी (तंत्रिका ट्यूब दोष) की संभावना कम हो जाती है। गर्भवती महिलाओं को अपने आहार में बादाम शामिल करना चाहिए। यदि आप गर्भवती हैं, तो इसका सेवन आपके शिशु के अच्छे स्वास्थ्य के लिए अवश्य करें।
  • सुधारे रक्‍त संचार
    बादाम में पौटेशियम की मात्रा काफी अधिक होती है और साथ ही सोडियम भी काफी कम मात्रा में होता है। इससे हमारे शरीर में रक्‍त संचार सुचारू बना रहता है। रक्‍त संचार सुचारू रहने से शरीर के हर अंग में ऑक्‍सीजन सही प्रकार पहुंचती है और सभी अवयवों को सामान्‍य रूप से काम करने में मदद मिलती है। 
  • हड्डियां बनाये मजबूत
    बादाम में कैल्शियम भरपूर मात्रा में होता है। कैल्शियम हड्डियों के लिए जरूरी होता है। इसलिए बादाम का सेवन करने वालों को हड्डियों की बीमारी यानी ऑस्टियोपोरोसिस होने का खतरा कम हो जाता है। इसके साथ ही कैल्शियम दांतों को भी मजबूत बनाने का काम करता है।
  • कैंसर का खतरा कम करे
    बादाम में फाइबर काफी अधिक मात्रा में होता है। फाइबर हमारी पाचन क्रिया को दुरुस्‍त बनाये रखने का काम करता है। पाचन क्रिया ठीक रहने से कोलोन कैंसर का खतरा काफी कम हो जाता है।
  • प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाये 
    रोजमर्रा की छोटी मोटी बीमारी जैसे सर्दी जुखाम, खांसी, viral फीवर से बचने के लिए आपको बादाम खाना शुरू करना चाइये| बादाम खाने से हमारे शरीर में प्रतिरोधक क्षमता बढती है जिससे ये छोटी छोटी बीमारी जल्दी हमारे शरीर पर अपना असर नहीं दिखा पाती| अगर आपको कफ हो गया है तो गर्म दूध में कुछ बूँदें बादाम के तेल की डालें और इसे पीयें, कफ़ की समस्या दूर हो जाएगी|
  • बादाम के गुण कब्ज से दिलाते हैं राहत
    चूँकि बादाम फाइबर से भरपूर होते हैं, ये ना केवल कब्ज़ से राहत दिलाते हैं परंतु कब्ज़ से बचाव भी करते हैं। इसका सेवन करने से कॉलन कैंसर होने की संभावना बहुत हद तक कम हो जाती है। अच्छी मात्रा में तेलीय प्रदार्थ होने की वजह से यह सीने में जलन का भी एक सक्षम उपचार है। कब्ज़ को दूर रखने के लिए आपको रोज़ बस 4-5 बादाम खाने हैं और ढेर सारा पानी पीना है।
  • शक्तिवर्द्धक
    बादाम में कई पोषक तत्‍व होते हैं। इसमें प्रोटीन, मैगनीज, कॉपर, राइबोफ्लाविन आदि मौजूद होते हैं। ये सब पोषक तत्‍व शरीर को भरपूर शक्ति और ऊर्जा प्रदान करते हैं। सुबह के समय बादाम के साथ दूध का सेवन करने से शरीर को पूरी शक्ति मिलती है।
  • बादाम के फायदे करते हैं त्वचा को पोषित 
    बादाम ना केवल त्वचा को पोषित, सुन्दर, जवां व झुर्रियों से मुक्त रखता है, अपितु यह त्वचा के रंग को भी निखारता है। इसके तेल से त्वचा की मसाज करने से सनबर्न और अन्य त्वचा-सम्बंधित विकारों को भी कम किया जा सकता है। अच्छी बात तो यह है कि बादाम के तेल से मसाज करने से आपकी त्वचा तेलिये नहीं बनती और ना ही पिम्पल्स होने का खतरा होता है।
  • बादाम तेल के फायदे हैं बालों के लिए
    एक बादाम अनेक बालों की समस्याओं का हल है, चाहे वो बाल झड़ने की समस्या हो या रूसी की। बादाम विटामिन ई, बायोटिन, मैंगनीज, तांबा, फैटी एसिड जैसे बालों के लिए अनुकूल पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं। बादाम में निहित ज़िंक नई कोशिकाओं के नवीकरण को बढ़ावा देता है, बालों को झड़ने से बचाता है और उन्हें मज़बूत व घना बनाने में योगदान देता है। इसके तेल से मालिश करने से आपके बाल सुनहरे व लंबे भी होते हैं। लैवेंडर के तेल के साथ मिलाकर सिर की मसाज करने से दोमुँहे बाल कम होते हैं, रूसी समाप्त हो जाती है और बालों का झड़ना भी बंद हो जाता है।
  • बादाम लगाते हैं मधुमेह पर अंकुश
    बादाम ना केवल मधुमेह को नियंत्रण में रखता है, अपितु शुगर से होने वाली समस्याओं पर भी अंकुश लगाता है। स्वस्थ वसा (fat), विटामिन, फाइबर और बादाम में कई खनिज ग्लूकोज के अवशोषण (absorption) और प्रसंस्करण (processing) को विनियमित करने में मदद करते हैं। एक अध्ययन के अनुसार, बादाम जैसे नट्स पुरुषों में टाइप-2 मधुमेह को नियंत्रण करने में अत्यंत सक्षम है। अन्य अध्य्यनों के अनुसार, बादाम खाने से मधुमेह से बचाव भी किया जा सकता है। रोज़ाना एक औंस बादाम खाएं और रक्त में शुगर के स्तर को स्वस्थ बनाए रखें।
  • याद्दाश्त बढ़ाये
    स्‍मरण शक्ति को अच्‍छा बनाये रखने के लिए बादाम को काफी उपयोगी माना जाता है। बादाम का सेवन अल्‍जाइमर और अन्‍य मस्तिष्‍क संबंधी रोगों को दूर करने में मदद करता है। रोजाना सुबह पांच बादाम भिगोकर खाने से दिमाग तेज होता है। 
  • प्रसव बनाये आसान
    बादाम में फॉलिक एसिड होता है, जो प्रसव संबंधी समस्‍याओं से बचाने का काम करता है। फॉलिक एसिड भ्रूण के समुचित विकास में महत्‍वपूर्ण भूमिका निभाता है। ऐसा माना जाता है कि जो महिलायें गर्भावस्‍था के दौरान फॉलिक एसिड का सेवन करती हैं, उनके बच्‍चे अपेक्षाकृत अधिक स्‍वस्‍थ होते हैं।
  • कुदरती माश्‍चराइजर
    बादाम को कुदरती माश्‍चरइाजर माना जाता है। यह आपके चेहरे के लिए क्‍लींजर का काम करता है और साथ ही उसकी चमक भी बढ़ाता है। अपने चेहरे को साफ करने के लिए आप बादाम के तेल की कुछ बूंदें इस्‍तेमाल कर सकते हैं। इस तेल को ऊपर की ओर मसाज करें। रोजाना ऐसा करने से आपको एक चमकदार और नाजुक त्‍वचा मिलेगी। यह आपकी त्‍वचा में जल्‍द अवशोषित हो जाता है और इससे रोमछिद्र भी बंद नहीं होते। 

 

भीगे हुए बादाम के फ़ायदे 

  • पाचन शक्ति को बढ़ाना – भीगा हुआ बादाम आपकी पाचन प्रक्रिया को सुविधाजनक बनाकर आपकी पाचन शक्ति को बढ़ाता है.
  • दिमागी शक्ति को बढ़ाता है – विज्ञानिकों ने यह शोध किया है कि रोज़ाना 4 से 6 भीगे हुए बादाम की अपने आहार में जोड़ना आपके दिमाग के लिए एक टॉनिक की तरह है और साथ ही यह केन्द्रीय तंत्रिका तंत्र (CNS) को काफी हद तक बढ़ाता है.
  • गर्भावस्था में यह वरदान की तरह है – यदि आप गर्भावस्था में है तो आपको अपने आहार में भीगे हुए बादाम जोड़ना चाहिए.यह आपके और आपके बच्चे के स्वास्थ्य दोनों के लिए बहुत लाभकारी है.
  • हृदय स्वास्थ्य के लिए लाभकारी – यदि आपका कोलेस्ट्रोल लेवल नियंत्रित रहेगा तो आपका हृदय भी स्वस्थ रहेगा. यह प्रोटीन, पोटैशियम और मैग्नीशियम का बहुत अच्छा माध्यम है, जो आपके कार्डियोवैस्कुलर सिस्टम को स्वास्थ्य रखता है.
  • कोलेस्ट्रोल को कम करता है – भीगे हुए बादाम आपके कोलेस्ट्रोल लेवल को काफी हद तक कम कर सकता है. मूल रूप से इनमें मोनोअंसेचुरेटेड फैटी एसिड से भरे होते हैं, जो आपके खून के प्रवाह से खराब कोलेस्ट्रोल को कम करता है.
  • ब्लडप्रेशर के लेवल को नियंत्रित रखता है – उच्च रक्तचाप वाले लोगों के लिए यह फायदेमंद है. तीव्र उच्च रक्तचाप का भी भीगे हुए बादाम द्वारा इलाज किया जा सकता है. इसमें सोडियम की मात्रा कम वा पोटैशियम की मात्रा अधिक होती है, जोकि ब्लडप्रेशर के लिए अच्छा है.
  • वजन घटाता है – भीगे हुए बादाम को रोज़ाना सुबह खाली पेट खाने से यह वजन घटने में मदद करता है. यहाँ तक कि इसमें बहु कम मात्रा में रासायनिक व् कार्बनिक यौगिक होते हैं जोकि वजन घटाने में कारीगर है.
  • कब्ज का ईलाज – यह कब्ज की बीमारी के लिए भी फायदेमंद है.
  • मधुमेह के रोगियों के लिये फायदेमंद – भीगे हुए बादाम मधुमेह के रोगियों के लिए बहुत अच्छा है. यह शुगर लेवल को नियंत्रित रखता है और साथ ही अन्य बिमारियों से बचाता है.

त्वचा के लिए फायदेमंद

  • भीगे हुए बादाम को पीस कर अपनी त्वचा पर लगाने से यह प्राकृतिक मॉइस्चराइजर की तरह उपयोग किया जा सकता है. यदि आपकी त्वचा सूखी है तो आप इसमे क्रीम को मिलकर भी उपयोग कर सकते हैं, जिससे यह आपकी त्वचा हाईड्रेड हो जाती है.
  • एजिंग को इसकी सहायता से आसानी से रोका जा सकता है. इसमें पाए जाने विटामिन ई और अन्य एंटीओक्सिडेंट आपके शारीर से हानिकारक कणों को समाप्त कर सकते हैं.
  • भीगी हुई बादाम को प्राकृतिक स्क्रब की तरह भी इस्तेमाल किया जा सकता है यहाँ तक की यह पूरे शरीर के लिए फायदेमंद है. इसमें निम्बू, शहद और ढूध मिलकर अलग – अलग पेस्ट बनाकर भी लगाया जा सकता है.
  • भीगी हुई बादाम सूजन के लिए कारीगर है. यह त्वचा में होने वाली खुजली या जलन से भी राहत देती है.
  • यदि आप अपनी सोई हुई त्वचा या खोये हुए निखार को वापस लाना चाहते हैं, तो भीगी हुई बादाम आपके लिए बहुत फायदेमंद है. यह बेजान त्वचा में भी जान भर देता है.

बालों के लिए फायदेमंद

  • यह बालों को चमकदार और घने बनाने के लिए कारीगर है. क्योकि यह सीधे आपके बालों की जड़ों में पहुंचकर बालों को मजबूत बनाता है.
  • जैसा कि ज्ञात है बादाम बहुत पौष्टिक होती है, और यदि भीगी हुई बादाम का सेवन करेंगे तो यह आपके बालों को मजबूत बनाएगा. साथ ही बेजान बालों को भी नारिश करेंगा.
  • बादाम को रात भर भिगो कर रखें, फिर सुबह इसे पीस कर इसमें थोड़ा सा जैतून का तेल दाल कर पेस्ट बना लेन और इसे अपने बालों पर लगाये. इसे अपनी बालों की जड़ों में लगायें यह आपके बालों को स्वस्थ व् कोमल कर देगा.

हरे बादाम या कच्चे बादाम के फ़ायदे

हरे बादाम को कच्चे बादाम भी कहा जाता है, इसमें बहुत से पोषक तत्व पाए जाते हैं. शोधकर्ताओं का कहना है कि यह स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होने के साथ साथ त्वचा और बालों के लिए लाभकारी हैं. इसके बहुत से फ़ायदे हैं, जोकि इसप्रकार हैं 

स्वास्थ्य के लिए

  • हरे बादाम हमारे हृदय के लिए बहुत अच्छा होता है. इसमें (विशेष रूप से नट्स की त्वचा) में बहुत से फ्लावोनोइड या बायोफ़्लेवोनोइड होता है जोकि एक प्रकार का चयापचयों, और हमारे शरीर में एंटीओक्सिडेंट की शक्ति को बढाता है. शोधकर्ताओं की खोज से यह पता चलता है कि इससे कार्डियोवैस्कुलर सिस्टम ठीक से काम करता है जिससे हार्ट अटैक आने का खतरा नहीं होता है.
  • हरे बादाम में पाया जाने वाला फॉस्फोरस हमारे दांतों और हड्डियों के लिए बहुत लाभकारी है. इससे हमारे दांत और हड्डियां मजबूत बनती है, इसी समय यह हमारी कंकाल प्रणाली की दक्षता भी उल्लेखनीय रूप से बढ़ती हैं.
  • हरे बादाम में एंटीओक्सिडेंट बहुत अधिक होता है. यह हमारे शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकलता है और हमारी प्रतिरक्षा क्षमता को बढ़ाता है. इसलिए इससे की बिमारियों और संक्रमण में रोक लगाई जा सकती है.
  • बहुत कम खाद्य पदार्थों में कम घनत्व वाले लिपोप्रोटीन या खराब कोलेस्ट्रोल के खिलाफ लड़ने के गुण होते है जैसे हरे बादाम में, यदि आप इसका नियमित रूप से सेवन करते हैं तो यह आपके कोलेस्ट्रोल लेवल को नियंत्रित रखता है.
  • खाना खाने के बाद हमारे शरीर में शुगर लेवल बढ़ जाता है जोकि हमारे शरीर के लिए अच्छा नहीं है, इसलिए हरे बादाम इससे बचने के लिए मदद करता है. यह हमारे शरीर में बढ़ी हुई शुगर की मात्रा को कंट्रोल करता है.
  • इसमें फाइबर भी अधिक होता है जो हमारी पाचन क्रिया को आसान बनाता है.
  • यह हमारे शरीर में पीएच लेवल को बैलेंस करता है और साथ ही इसमें पाए जाने वाले पोषक तत्व हमारे शरीर के तंत्रिका तंत्र को सुरक्षित रखते हैं.

त्वचा के लिए 

  • यह अच्छा डेटोक्साइड होने के नाते, यह हमारी आंतरिक प्रणाली को साफ़ रखता है, जिससे मुहाँसे, दाना, ब्लैकहेड्स, वाइटहेड्स आदि जैसे कई त्वचा की समस्याओं का इलाज किया जा सकता है
  • इसे फेसमास्क की तरह इस्तेमाल करने से सांवली त्वचा की परेशानी से भी बचा जा सकता है.
  • इसमें बहुत से एंटीओक्सिडेंट और विटामिन ई होने की वजह से यह हमारी त्वचा में प्रदूष्ण से जमा होने वाले कणिक या विषैले कणों को दूर करता है.
  • इसका सेवन कर या इसे फेसमास्क की तरह लगाकर एजिंग की समस्याओं जैसे झुर्रियां, काले धब्बे, फाइन लाइन्स आदि से निजत पाया जा सकता है.

बालों के लिए

  • यह न केवल बालों को टूटने से बचाता है बल्कि यह बालों की ग्रोथ को बढाता भी है. इसमें प्रोटीन, विटामिन ई, लोहा, जस्ता आदि शामिल होते है, जो बालों को लम्बा करने में आवश्यक होते हैं.
  • इसमें बहुत से विटामिन, मिनरल्स और पोषक तत्व होते है जोकि गिरते हुए बालों की समस्या से बचने के लिए लाभकारी है. क्योकि यह बालों को टूटने से बचाता है और बालों को मजबूत करता है.
  • यह बालों को चमकदार भी बनाता है. इससे जड़ों में रक्त का स्त्राव बहुत सुचारू रूप से चलता है जिससे यह हमारे बालों की रक्षा करता है.

 

बादाम से कुछ नुकसान - Almond side effects

बादाम न सिर्फ फायदेमंद होता है बल्कि इससे कुछ नुकसान भी होते हैं, जोकि इस प्रकार हैं –

  •  गेस्ट्रोइन्तेंस्तिनल समस्यायें – बहुत अधिक मात्रा में बादाम का सेवन करने से कब्ज की बीमारी हो सकती है. क्योकि इससे फाइबर बहुत अधिक मात्रा में आपके शरीर में प्रवेश करता है. जिससे आपकी पाचनशक्ति गडबडा जाती है. यह हमारे पेट के लिए भी हानिकारक होता है.
  • अधिकमात्रा में विटामिन ई – हमे हर रोज 15 मिलीग्राम विटामिन ई की आवश्यकता होती है. बादाम की बड़ी मात्रा में उपभोग करके आवश्यक मात्रा से अधिक यानि 1000 मिलीग्राम से ऊपर तक यह पहुंच जाता है. इससे नुकसान यह है कि इससे दस्त, पेट फूलना, धुंधला दिखना, सिरदर्द, चक्कर आना और सुस्ती जैसे समस्या हो सकती है.
  • दवा से इंटरेक्शन – यदि आप मैंगनीज के समृद्ध आहार पर है और आप बादाम का भी सेवन कर रहे है, तो यह दवा से इंटरैक्ट कर सकता है. इसका कारण यह है कि इसमें भी मैंगनीज पाया जाता है. और शरीर में मैंगनीज की अधिक मात्रा से जुलाब हो सकता है. यह दवाओं से इंटरैक्ट करता है.
  • वजन बढ़ना – बादाम का सबसे बड़ा नुक्सान है कि इसकी अधिक मात्रा से वजन बढ़ जाता है. शरीर के लिए जरूरी होता है कि कैलोरी बहुत अधिक मात्रा में न हो. और बादाम से बहुत जल्दी कैलोरी बढ़ जाती है जिससे वजन बढ़ने की समस्या हो सकती है.
  • एलर्जी – यह बहुत दुर्लभ नुक्सान है. लेकिन कुछ लोगों में बादाम से एलर्जी की प्रक्रिया भी देखी गई है. जिसके लक्षण जैसे रशेस व् साँस लेने में कठिनाई आदि हो सकते है.
  • शरीर में विषैले स्तर की वृद्धी – यह भी एक बड़ी समस्या में से एक है. कड़वे बादाम हाइड्रोसायनिक एसिड को शामिल करने के लिए जाने जाते है जोकि निम्न लक्षणों को दर्शाता है जैसे तंत्रिका तंत्र का धीमा होना, श्वास लेने की समस्या आदि ये घटक भी हो सकते हैं.
  • बैक्टीरिया की उपस्थिति – यह दुष्प्रभाव बादाम के लिए विशिष्ट नहीं है. लेकिन नट परिवार का हिस्सा होने के कारण बादाम जीवाणु वृद्धी के लिए प्रवण है. इससे बैक्टीरिया की उपस्थिति भी हो सकती है.

तो, बादाम को अधिक मात्रा में नही खाना चाहिए, लेकिन इससे फ़ायदे भी बहुत होते है तो इसे नियमित मात्रा में खाना चाहिए, जिससे कि यह आपके शरीर के लिए नुकसानदायक न होकर फायदेमंद हो सके.

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